जया आर्य

जन्म: 17 मई, स्थान: पुणे. माता: स्व. श्रीमती मेरी डेविड, पिता: स्व. श्री जयराज डेविड. जीवन साथी: पति स्व. श्री ज्ञानसिंह आर्य. संतान: पुत्र-01 पुत्री-02. शिक्षा: एम.ए. (अंग्रेज़ी),  व्यवसाय: ब्रॉडकास्टर, ट्रेनर, सामाजिक कार्यकर्ता और लेखक. करियर यात्रा: ग्रेड-1, हिंदी उदघोषिका- आकाशवाणी मुम्बई, जगदलपुर और भोपाल (1970-2007). प्रख्यात उद्घोषिका होते हुए उभरते हुए उदघोषकों को प्रशिक्षित किया. अध्यक्ष-शांतिनिकेतन महिला कल्याण समिति, महिलाओं, बच्चों और नशे से पीड़ित युवकों का शिक्षण प्राशिक्षण और पुनर्वास का कार्य किया. भोपाल के दो झुग्गी इलाकों में 950 महिलाओं और बच्चों को साक्षर किया. म.प्र. के जेलों में साक्षर हो रहे कैदियों को राष्ट्रभाषा परीक्षाओं में बैठाकर प्रमाण पत्र दिलवाया. प्रत्येक परीक्षा उत्तीर्ण होने पर सज़ा में दो माह की छूट मिली (जेल मंत्री से सम्मानित), महिलाओं को व्यावसायिक प्रशिक्षण देकर स्वावलंबी बनाया.10 वर्ष तक शांतिनिकेतन नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र (15 बिस्तरों वाले अस्पताल) का संचालन किया. गरीब लड़कियों के लिए होस्टल संचालित किया. यू.एस. में सीनियर सिटीजन होम में सेवाएं प्रदान की. सेवा निवृत होकर जी.ई.आई. इंडस्ट्री में मैनेजर ट्रेनिंग और एच.आर. हेड का कार्य किया. 60 वर्ष की उम्र के बाद शैक्षणिक योग्यता बढ़ाई. Cedpa Washington से कोच की ट्रेनिंग ली. American institute TESOL से ट्रेनर्स ट्रेनिंग कोर्स किया. मुम्बई पॉलिटेक्निक से एच.आर.  सॉफ्ट स्किल पर्सनालिटी डव्हलपमेन्ट, हेल्थ इंवॉरमेन्ट सेफ्टी और ISO 9001-2008 में डिप्लोमा कोर्स किया. बैंक और कॉलेज में सॉफ्ट स्किल ट्रेनिंग दी, मोटिवेशनल स्पीकर तथा वॉइस एंड एक्सेंट ट्रेनर के रूप में सेवाएं जारी. उपलब्धियां/पुरस्कार: दो पुस्तक 1.लघुकथा “शतक” और 2. “गुनगुनाते बोल” प्रकाशित. अहिन्दीभाषी हिंदी सेवी सम्मान मप्र के राज्यपाल डॉ. के.एम. चांडी द्वारा (1986), समाजसेवी सम्मान त्रिपुरा के राज्यपाल द्वारा (1992), सुनामी पीड़ितों के लिए कार्य करने पर राज्यपाल डॉ. बलराम जाखड़ द्वारा सम्मानित (1995), रोटरी क्लब डिस्ट्रिक्ट 3040 द्वारा बेस्ट सेक्रेटरी अवार्ड 2006, रोटरी क्लब डिस्ट्रिक्ट 3040 की बेस्ट प्रसिडेंट अवार्ड (2009), लोकायुक्त द्वारा समाजसेवा हेतु सम्मानित (2016), सहारा टी.वी. द्वारा अमीन सायनी और तबस्सुम के साथ राष्ट्रीय सम्मान (2018), “लघुकथा शतक” पुस्तक के लिए हरिहर निवास द्विवेदी सम्मान (2019), बुडापेस्ट (हंगरी) में विश्व हिंदी सहित्य परिषद की ओर से लेखन कार्य के लिए साहित्य सरोवर सम्मान. विदेश यात्रा: यू.के., यू.एस.ए., थाईलैंड. मॉरीशस, यूरोप, रूस. रुचियां: पेंटिंग, सिंगिंग, लेखन, और समाजसेवा. अन्य जानकारी: अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन- (1992) भारतीय प्रौढ़ शिक्षा संघ की ओर से आयरलैंड (2009) रोटरी इंटरनेशनल की ओर से बैंकॉक और 2017 में विश्व हिंदी साहित्य परिषद की ओर से हंगरी, यूरोप में प्रतिभागिता की. पता: डी-4, शालीमार गार्डन, कोलार रोड, भोपाल-42. ई-मेल: aryajaya@yahoo.com

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